मैने ज़िन्दगी से पूछा ..

हे ज़िन्दगी ! इतना दर्द क्यू देती हो ?

बड़ी तकलीफ होती है …

तो ज़िन्दगी ने मुझसे कहा , ” मैं ना दर्द देती हूँ ना खुशियाँ …

मैं तो एक कैनवास की तरह हूँ …. सपाट , साफ , एक जैसी ..
ये तो तुम हो जो अपने हाथो से खुद तरह – तरह के रंग भर रहे हो | @surbhisays

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