ना करो मेरा इंतेजार ,

मैं दूर निकल आयी हूँ ..

तुम्हारी आवाज़ें सुनाई दे रही मुझको ..

पीछे पलट कर देख नहीं सकती …

क्यूकी याद है वो दिन जब मेरे पलटने पर तुमने अपनी पीठ दिखा दी थी मुझको ….

“तब मैं कमज़ोर थी लेकिन आज मैं मजबूत हूँ |” @surbhisays

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