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क्यूँ ख्वाहिशें उभरती है और छूते ही टूट जाती है? ख्वाहिशें भी कितनी मासूम होती है , पूरा होने की खुशी में ये ही भूल जाती है की आँख खुलते ही हकीकत का सामना हो जाएगा ! अपने आप को सपने में देख ऐसे खुश हो जाती है जैसे कोई बड़े पर्दे पर इसकी अभिनय… Read more
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क्यूँ सुकून छीनती हो जिंदगी , क्यूँ लगाव में फसाती हो जिंदगी , कैद हूँ तेरी हथकड़ी में , साँसें भीख मांगती है अपनी आज़ादी के लिए लेकिन तुम्हें परीक्षा लेने की आदत है , शिक्षक बनने का तुम्हें शौक है और परीक्षा लेना तुम्हारी फितरत.. खेल लो अपना यह शिक्षक विद्यार्थी का खेल ,… Read more
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किसी का साथ छूट जाने का डर , अकेले हो जाने का डर , कुछ हो जाने का डर , कुछ खो जाने का डर , डर , डर , डर …. पता नहीं कितना डरायेगा ये डर! जिंदगी में अगर हर वक़्त किसी को खोने का खौफ लगा रहे तो समझ जाना की आप… Read more
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नम आँखों से पेड़ के लहराते पत्तों को देखना , चिड़ियों की चहचहाहट कानों पर पड़ना , यूँ हवा का चेहरे पर मेहसूस होना , इस इन्तेज़ार में रहना की काश कोई आ के ज़ोर से गले लगा के कहदे की मैं साथ हूँ घबराओ नहीं कभी साथ नहीं छोड़ूंगा… काफ़ी दर्द देता है… क्यूँकी… Read more
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शिकार हो चला मन लगाव का, ज़ुबान चुप है , आँखें सूखी शायद दिल में चकनाचूर हो रहें है जज्बात , सन्नाटा होता ही अकेलापन गूँज उठेगा। Read more
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दिल में दफ़न है कुछ बातें , साँझा करूँ तो कैसे , जुबान हिम्मत कर कह भी जाए , लेकिन डर है की जज़्बातों की उफान से कहीं साँसें ना थम जाए। @surbhisays Read more
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एक बार फिर से बड़ा होना है , धोखा खाना सीखना है , ये जिन्दगीं है यारो , इधर हर कदम पैदा होना है। @surbhisays Read more
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चकाचौंद रोशनी मे अन्धेरा और बन्द आँखो मे उजाला बहुत है , जुबान मे मुस्कुराहट और दिल मे गम बहुत है , जन्म देने मे दर्द और मौत मे सुकून बहुत है , यही दुनिया है जनाब , यहाँ जो अदृश्य है , वही सच है। @surbhisays Read more
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शर्ते पूरी करने मे जी जान लगा दी मैने लोग कहते है ऐसे दोस्ती लम्बी चलेगी , आज सर तक कर्ज से डूब गयी हूँ , और वो कह कर चले गये की मैने किसी और को ढूंड़ लिया है! @surbhisays Read more
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क्यूँ ? बात नही कर रहे ना वो आपसे ? तभी आज हमारा हालचाल पूछ लिया ! @surbhisays Read more
